उत्तराखण्ड

अब हरीश रावत के आह्वान पर 25 फरवरी को बिंदुखत्तावासी देहरादून में बोलेंगे हल्ला…


लालकुआं। बिंदुखत्ता राजस्व गांव को लेकर गत 18 फरवरी को हुए विशाल धरना प्रदर्शन की जबरदस्त कामयाबी को देखते हुए कांग्रेस पार्टी पूरी तरह गदगद है, तथा वह अब इसे अपनी पार्टी की भारी बढ़त मानने लगी है, तथा आगे को इस मामले में कोई भी कोर कसर छोड़ने के मूड में नजर नहीं आ रही है, इसी को लेकर इंडिया गठबंधन के पदाधिकारियों की बैठक काररोड क्षेत्र में आयोजित की गई, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत द्वारा बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम बनाने की मांग को लेकर किए जा रहे धरने में शामिल होने का निर्णय लिया गया। गठबंधन ने तय किया कि 25 फरवरी को बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी गांधी पार्क पहुंचकर धरना देंगे।
गौरतलब है कि राज्य मंत्रिमंडल की 25 फरवरी की बैठक में बिंदुखत्ता को राजस्व गांव घोषित करने की प्रक्रिया शुरू करने का प्रस्ताव लाए जाने की चर्चा है। इंडिया गठबंधन ने कहा कि बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का विधिसम्मत दर्जा दिलाने और भूमि के मालिकाना अधिकार सुनिश्चित कराने के लिए यह धरना आयोजित किया जाएगा। धरने में बड़ी संख्या में बिंदुखत्ता वासियों की भागीदारी रहेगी।
बैठक में मुख्य वक्ता के रूप में भाकपा माले के राज्य सचिव इंद्रेश मैखुरी ने कहा कि बिंदुखत्ता के लोग लंबे समय से जमीन के मालिकाना अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्व गांव के नाम पर वोट मांगने वाली भाजपा लोगों को बार-बार आश्वासन देकर गुमराह कर रही है। उन्होंने मांग की कि बिंदुखत्ता को भूमि का मालिकाना अधिकार दिया जाए। बैठक का संचालन प्रभात पाल ने किया। बैठक में कैप्टन कुन्दन सिंह मेहता, भुवन जोशी, पुष्कर सिंह दानू, पुष्कर दुबड़िया, गिरधर बम, किशन बघरी, डॉ. कैलाश पांडेय, कमल दानू, मीना कपिल, प्रदीप बथ्याल, गोविंद जीना, गुरदयाल मेहरा, रमेश राणा, चंदन राम, प्रकाश आर्य, रमेश कुमार, धीरज कुमार, उमेश मेहता, मोहन कुड़ाई, लक्ष्मण धपोला, कमल जोशी, मंतोष राय, नारायण सिंह बिष्ट, आनंद दानू, गोविंद दानू, खीम सिंह, मोहन सिंह नयाल और हर सिंह सहित अनेक लोग मौजूद रहे।

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फोटो परिचय – बैठक में उपस्थित इंडिया गठबंधन के पदाधिकारी

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