लालकुआं। बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा देने की मांग को लेकर रविवार को हजारों की संख्या में बिंदुखत्ता के हजारों ग्रामीण विशाल रैली के साथ लालकुआं शहर में उमड़ पड़े। वनाधिकार संगठन के आह्वान पर बिंदुखत्ता के ग्रामीण आज प्रातः जनता इंटर कॉलेज जड़ सेक्टर में एकत्र हुवे। यहां से रैली लालकुआं बाजार होते हुए तहसील पहुंची। रैली में हजारों की संख्या में ग्रामीणों के शामिल होने का दावा प्रमाणित हो गया । प्रातः 11 बजे तक लगभग 6000 ग्रामीण जल सेक्टर स्कूल में पहुंच चुके थे, इसके बाद यह संख्या 10000 से अधिक पहुंच गई। इधर वनाधिकार संगठन के अध्यक्ष उमेश चंद्र भट्ट ने बताया कि बिंदुखत्ता के 32 गांवों के 11,703 दावेदारों की ओर से वनाधिकार कानून-2006 की धारा 3(1)(ज) के तहत प्रस्तुत सामुदायिक दावे को 19 जून 2024 को जिला स्तरीय वन अधिकार समिति ने सर्वसम्मति से पारित किया था। इसके बाद राजस्व ग्राम की अधिसूचना और बंदोबस्ती की प्रक्रिया शुरू करने के लिए प्रस्ताव शासन को भेजा गया, लेकिन अब तक अधिसूचना जारी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि राजस्व ग्राम का दर्जा बिंदुखत्ता के ग्रामीणों की वर्षों पुरानी मांग है। मांग को लेकर पिछले कई वर्षों से अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन दिए जा रहे हैं। वहीं 15 अगस्त से पदयात्रा के माध्यम से जनजागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है। यहां धरना-प्रदर्शन कर राजस्व ग्राम की अधिसूचना जारी करने और गौला नदी के किनारे स्थायी तटबंध निर्माण की मांग उठाई जाएगी। इधर प्रशासन द्वारा भी बिंदुखत्ता वासियों की विशाल रैली को देखते हुए व्यापक स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात है।




